ये कैसी जवानी है…?
आरती जैन डूंगरपुर (राजस्थान) ********************************************* अलीगढ़ में मासूम बेटी की घटना पर आधारित…… हाथ लगाया तो डर गई, बाहर निकाला तो मर गईl मछली नहीं यह लड़की की कहानी है, नोंच दिया मासूम को ये कैसी जवानी है ? कौन-सा सिखाता है तुम्हें मजहब, दिखाओ हैवानियत का तुम यह करतबl ढंके बदन की करते हैं … Read more
स्तरीय पत्रिकाएं बंद क्यों हुई ?
सुरेंद्र कुमार अरोड़ा ग़ज़ियाबाद(उत्तरप्रदेश) ************************************************************************* आज मित्रों के बीच बातचीत में गंभीर चर्चा के दौरान अक्सर यह प्रश्न उठ जाता है कि ,”सत्तर-अस्सी के दशक की उच्चस्तरीय पत्रिकाएं,जैसे-साप्ताहिक हिदुस्तान,धर्मयुग के अतिरिक्त सारिका जैसी समर्थ पत्रिकाओं की अनुपस्थिति आज के समय में बहुत अखरती है।इन कालजई पत्रिकाओं के अंक आज भीजब कहीं किसी साहित्यकार मित्र के … Read more
क्या करें,क्यों करें
संजय जैन मुम्बई(महाराष्ट्र) ************************************************ क्या करें,क्यों करें,किसके लिए करें, कोई तो हमें समझाए। मिला है मानव जन्म हमें, तो कुछ अच्छा कर जाएं… ताकि ये जीवन सफल हो जाए। कितना कुछ हम लोगों ने, देश-दुनिया को बदल दिया। पर खुद को हम बदल न पाए, बढ़ते दूसरों के कदमों को, खींचकर पीछे जरूर हम लाए… … Read more
आत्मनिर्भर
अनिता मंदिलवार ‘सपना’ अंबिकापुर(छत्तीसगढ़) ************************************************** “उमा,कब तक दूसरों के बच्चों से खेलती रहोगी ? अब अपना भी सोचो।” पास खड़ी मिसेज शर्मा ने कहा। उमा बस-“जी चाची जी” ही कह पायी,अब कहे भी क्या ? ऐसी बातों से अब अक्सर उसे दो- चार होना ही पड़ता है। शादी के पाँच वर्ष बाद भी उसकी गोद … Read more
जीवन में सफलता का मन्त्र है सकारात्मक सोच
राज कुमार चंद्रा ‘राज’ जान्जगीर चाम्पा(छत्तीसगढ़) *************************************************************************** आमतौर पर लोग ये कहते हैं कि “हमने तो पूरी कोशिश कि,पर काम नहीं हुआ”,दरअसल अगर आप पूरी कोशिश करेंगे तो आप असफल होंगे ही नहीं। सपने हर कोई देखता है पर पूरा हर कोई नहीं कर पाता…जानते हैं क्यों ? क्योंकि कुछ लोग बस देखते हैं,सोचते हैं … Read more
मैं मन हूँ
डॉ.चंद्रदत्त शर्मा ‘चंद्रकवि’ रोहतक (हरियाणा) ******************************************************* मैं मन हूँ विचारों का-भावों का, परिचायक हूँ खुशी का घावों का इच्छा,जीवन गति का जनक हूँ, मैं ही शांति हूँ-में ही भटक हूँ। मैं ही चेतन हूँ-अविनाशी हूँ, सब प्राणियों में मैं सर्वव्यापी हूँ मैं शाश्वत हूँ-न सोता-जागता हूँ, बस चलना मेरा काम-भागता हूँ। जो मुझे जान लेता … Read more
जै जै जै अम्बे मातु भवानी
एन.एल.एम. त्रिपाठी ‘पीताम्बर’ गोरखपुर(उत्तर प्रदेश) *********************************************************** जै जै जै अम्बे मातु भवानी, माँ दुर्गा जग कल्याणी! जै जै जै अम्बे मातु भवानी, माँ दुर्गा जग कल्याणी!! मनोकामना की तू माता,ममता का आँचल, वात्सल्य की मूरत-सूरत,महिमा की माता रानी! जै जै जै अम्बे मातु भवानी, माँ दुर्गा जग कल्याणी!! दुष्ट विनाशक भय भंजक माँ शेरों वाली, … Read more
विरोध विशुद्ध राजनीतिक और स्वार्थों से प्रेरित
नवेंदु वाजपेयी ******************************************************************* शिक्षा नीति २०१९ के प्रारुप पर भाषा को लेकर बवाल…….. तमिलनाडु में दक्षिण भारत हिंदी प्रचार सभा तथा अन्य संस्थाओं के जरिए हिंदी सीखने के लिए पंजीयन करने वालों का प्रतिशत बढ़ा है। यह केवल राजनीति प्रेरित विरोध है और इसका पुराना इतिहास रहा है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के प्रारूप में भारत … Read more
राहुल गांधी,हारे को हरिनाम
राकेश सैन जालंधर(पंजाब) ***************************************************************** आचार्य रजनीश ने कहा है कि धन्य हैं वे जिन्हें हार नसीब होती है,ईश्वर उस खुशनसीब को ही यह उपहार देता है जिसे जीना सिखाना चाहता है। तुलसी पत्नी प्रेम में हारे न होते तो उन्हें राम न मिलते,मंडन मिश्र शास्त्रार्थ में जीत जाते तो शंकराचार्य के सान्निध्य से वंचित रहते। … Read more