नदियों को बचाना है
सुलोचना परमार ‘उत्तरांचली देहरादून( उत्तराखंड) ******************************************************* आओ मिलकर सोचें सब, नदियों को बचाना है। नदियों के उदगम में जाकर, जब तुम कचरा फैलाते हो। मौज-मस्ती करके सब तुम, जब अपने घर आते हो। एक बात भूल जाते सदा, पुण्य के लिए डुबकी उसी में लगाना है। नदियों को बचाना है….॥ जीव-जंतु जो मर गये, और … Read more