खुद को मिटाता है शिक्षक

मोहित जागेटिया भीलवाड़ा(राजस्थान) ************************************************************************** शिक्षक दिवस विशेष………. हर तस्वीर बनाता है हर तस्वीर सजाता है, हर तस्वीर में रंग वो मेहनत का लगाता है, गलत को गलत और सही को सही बताता है- क्या अच्छा-क्या बुरा,ये हमको तभी समझाता है। खुद को मिटाता जब पत्थर को हीरा बनाने में, कभी खुद को जलाता ज्ञान दिव्य … Read more

जल संरक्षण-जीवन रक्षण

डॉ.धारा बल्लभ पाण्डेय’आलोक’ अल्मोड़ा(उत्तराखंड) ****************************************************************************** जल में ही है शक्ति जगत की, जल से ही है तृप्ति जगत की। जल ही कल है जीव जगत का, जल ही जीवन शक्ति जगत की। हरा-भरा यह थल जल से ही, ओजोन हवा सब है जल से ही। जल से ही है पुष्प अन्न फल, जीवन संरक्षण है … Read more

सूना रहता सारा थल

सुबोध कुमार शर्मा  शेरकोट(उत्तराखण्ड) ********************************************************* कितने वृक्ष लगाये जाते हैं प्रतिपल, फिर भी हरियाली को रहती है हलचल। फाइलों में वृक्षों के आँकड़े बढ़ते जाते- फिर भी वृक्षों से सुना रहता सारा थल। कब मानव इस झूठ को सत्य करेगा, लगे वृक्षों की मन से उनकी रक्षा करेगा। जल संकट जो छाया जीवन में सबके- … Read more

बढ़ना ही होगा

अवधेश कुमार ‘अवध’ मेघालय ******************************************************************** कहाँ भागते हो नज़र यूँ बचाकर समय की तुला पर तो चढ़ना ही होगा, लगे हों जो हर ओर शीशे ही शीशे हकीकत को अपने भी पढ़ना ही होगा। बहुत मढ़ चुके हो गुनाहों को अपने जमाने के सर पे कलाबाजियों से- ज़माना नया है नयी हैं मशीनें नये मानकों … Read more

कान्हा

पंकज भूषण पाठक ‘प्रियम’ बसखारो(झारखंड) *************************************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. काल चक्र से परे हो मोहन,तुम्हीं बताओ पड़े कहाँ हो, पार्थ सारथी बने हो माधव,जहां जरूरत खड़े वहाँ हो, तुम्हें ही ढूंढे है जग ये सारा,तड़प रहा है ये दिल हमारा- अभी जरूरत तुम्हारी केशव,चले ही आओ बसे जहाँ हो। नहीं धरा में न आसमां … Read more

सर्वांग दान कर दूँ

रोहित दाधीच कोटा(राजस्थान) ***************************************************** प्राण माँगे तो प्राण दान कर दूँ, भोग विलास रस जान दान कर दूँ एक बार कह कर तो देखे माँ भारती- दधिचि का वंशज हूँ सर्वांग दान कर दूँl परिचय-रोहित दाधीच राजस्थान राज्य के कोटा शहर के पार्श्वनाथ नगर विस्तार(बोरखेड़ा)में बसे हुए हैं। आपकी जन्मतिथि १८ मार्च १९९३ तथा जन्म … Read more

अपना नया भारत

डॉ.धारा बल्लभ पाण्डेय’आलोक’ अल्मोड़ा(उत्तराखंड) ****************************************************************************** आज नए भारत का निर्माण हुआ है, आज नये सूरज का नव भान हुआ है आज नई केसरिया पगड़ी सिर बांधे, नवभारत का आज सम्मान हुआ है। अब तक ये कश्मीर हमारा बंधा हुआ था, पैंतीस-ए के भ्रम में जो फंसा हुआ था तीन सौ सत्तर हटा के जो अब … Read more

कश्मीर कली अब मुक्त हुई

अवधेश कुमार ‘अवध’ मेघालय ******************************************************************** कश्मीर कली अब मुक्त हुई,मनवांछित निज-वर चुनने को, निज तोड़ गुलामी की कारा,उन्मुक्त गगन में उड़ने को। केसर की क्यारी गुलबर्गा,डल झील शिवालय शोभित हैं- दाहिर कश्यप कैकय कुलवंश भविष्य स्वप्न फिर बुनने को॥ परिचय-अवधेश कुमार विक्रम शाह का साहित्यिक नाम ‘अवध’ है। आपका स्थाई पता मैढ़ी,चन्दौली(उत्तर प्रदेश) है, परंतु कार्यक्षेत्र की … Read more

बेतुका सवाल कर गए

रोहित दाधीच कोटा(राजस्थान) ***************************************************** माँ भारती की रक्षा में अमर होकर वो,भगत सिंह-जैसा कमाल कर गये, सैनिकों के शौर्य पर लगा के प्रश्न चिन्ह,एक बेतुका-सा वो सवाल कर गये। कभी आँख मारी हो या भाषण दिये हो,रोज-रोज नया-सा बवाल कर गये, अब ४८ की उम्र में भी देखो नेताजी,अपनी मर्दानगी पर सवाल कर गये॥ परिचय-रोहित … Read more

ये दिल तुम्हें याद करता है

मोहित जागेटिया भीलवाड़ा(राजस्थान) ************************************************************************** ये दिल तुम्हें याद करता है हर बार, तुम सावन की रिमझिम-रिमझिम हो फुहार। इस जीवन के सफर में हमसफर बन कर, इस दिल में तुम हो,मिला तुम्हारा प्यार॥ इस जीवन की तुम रोज नई प्रभात हो, महके जो जिंदगी वो तुम बरसात हो। इस जीवन का अब अंधकार मिट जाए, … Read more