कान्हा

निशा गुप्ता  देहरादून (उत्तराखंड) ************************************************************* कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. भोर भई नंदलाला, अब तो आओ पास नैन तकूं दिन रैन मैं, दर्शन दो घनश्याम। मैया खोल गैया खड़ी, बंसी थमा दी हाथ आओ लल्ला साथ लो, तुम गैयन को आज। कुंज गली में जब चले, सारे बाल गोपाल गैया धूल उड़ावती, संग चले गोपाल। कान्हा … Read more

कान्हा

पंकज भूषण पाठक ‘प्रियम’ बसखारो(झारखंड) *************************************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. काल चक्र से परे हो मोहन,तुम्हीं बताओ पड़े कहाँ हो, पार्थ सारथी बने हो माधव,जहां जरूरत खड़े वहाँ हो, तुम्हें ही ढूंढे है जग ये सारा,तड़प रहा है ये दिल हमारा- अभी जरूरत तुम्हारी केशव,चले ही आओ बसे जहाँ हो। नहीं धरा में न आसमां … Read more

जब देखेया मोहे दिखे है वो ही…

दुर्गेश कुमार मेघवाल ‘डी.कुमार ‘अजस्र’ बूंदी (राजस्थान) ****************************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. वो काली-काली अलकें हैं, वो खुली-खुली पलकें हैं। वो नैना भी तो ढुलके हैं, पर देखे मुझे खुल के हैं जब देखेया मोहे दिखे है वो ही। वो प्यारा-प्यारा मुखड़ा है, जैसे चाँद जमीं उतरा है। सुमन-सा खिलता है, कण-कण मिलता है। मोहे … Read more

लीला गिरधारी लाल की

उमेशचन्द यादव बलिया (उत्तरप्रदेश)  *************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. कंस-वासुदेव की मित्रता की,गाथा बड़ी विशाल थी, देवकी प्यारी कंस की बहना,सुशील बड़ी सयान थी करता प्यार बहुत बहना से,वह उसकी अभिमान थी, हाथ पीले कर दूँ बहना के,दिली इच्छा अविराम थी। फिराक थी अच्छे वर की,वसुदेव मन को भा गए, धूमधाम से हुई सगाई,विदाई के … Read more

कृष्ण जन्माष्टमी

बाबूलाल शर्मा सिकंदरा(राजस्थान) ************************************************* कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. भादव रजनी अष्टमी,लिए ईश अवतार। द्वापर में श्री कृष्ण बन,आए तारनहार। आए तारनहार,रची लीला प्रभुताई। मेटे अत्याचार,प्रीत की रीत निभाई। कहे लाल कविराय,कृष्ण जन्में कुल यादव। जन्म अष्टमी पर्व,मने अब घर-घर भादव। कौरव पाण्डव युद्ध में,बने कृष्ण रथवान। गीता के उपदेश में,देते ज्ञान महान। देते ज्ञान महान,धर्म … Read more

कृष्णा तुम विश्वास आस

डॉ. आशा गुप्ता ‘श्रेया’ जमशेदपुर (झारखण्ड) ******************************************* कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. प्रभु कृष्ण मुरारी हे किए अदभुत न्यारी, कंस असुरों से अति पीड़ित थे जब जन-जन व्याकुल माँ धरणी ने गौ रूप में किया पुकार, मानव जीव-जंतु के हरने दु:ख औ संतापl कारागर में माता देवकी ने कीन्ही विनती प्रभु तुम रक्षक हो सबके भक्त … Read more

ओ कान्हा मेरे

सुलोचना परमार ‘उत्तरांचली देहरादून( उत्तराखंड) ******************************************************* कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. ओ मेरे माखन चोर कन्हैया, कबसे खड़ी हूँ तेरे द्वार। मैं ही मीरा मैं ही राधा, आ सुन ले मेरी पुकार। ओ कान्हा मेरे,सुन ले मेरी पुकार… तेरी ही धुन में मस्त रही मैं, छोड़ा सभी घर-द्वार। बाँसुरी की धुन सुन तेरी, नाचूं मैं बारम्बार। … Read more

इस युग में `कृष्णा`

मानकदास मानिकपुरी ‘ मानक छत्तीसगढ़िया’  महासमुंद(छत्तीसगढ़)  *********************************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. हे कृष्णा तू क्यों नहीं आता इस युग में लाज बचाने, धार्मिक स्थल में लुट जाती नारी,क्यों शांत हो बंशी वाले। चीर हरण से भी बड़ी दुर्दशा कितनों के साथ हो चुकी, लगता है कलयुग में कृष्णा,गहरी नींद में सो चुकेl बालपन में बहुरूपियों … Read more

भक्तों से कान्हा का अदभुत संबंध

संजय गुप्ता  ‘देवेश’  उदयपुर(राजस्थान) ******************************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. कान्हा भक्तों से आपका कैसा अदभुत है संबंध आपसे प्रीत लगाकर भुला बैठा मैं तन और मन, माँ से प्यार,बाल,ग्वाल,सखा,गोपियों से प्यार पशुओं से प्यार,पक्षीयों से प्यार जग में है इजहार, तेरे प्यार में डूबकर कान्हा,हर कोई यहाँ मगन। कान्हा भक्तों से कैसे…॥ आपका महाबल देखा … Read more

ले लो बधाई

रश्मि लता मिश्रा बिलासपुर (छत्तीसगढ़) ****************************************************************** कृष्ण जन्माष्टमी स्पर्धा विशेष………. नंद के नन्दन,जग के वन्दन, आये आधी रात,अष्टमी वाली नक्षत्र रोहिणी घिरी अंधियारी। बादल ऐसे बरस रहे थे, इंद्रदेव ज्यों गरज रहे थे। यमुना माता थीं उफान पर, लहरें नाचे तांडव तान पर। ऐसे में जब कैद देवकी, कंस की पहरेदारी में। प्रगट हुए मोहन … Read more