वक्त का ये पहिया
मोहित जागेटिया भीलवाड़ा(राजस्थान) ************************************************************************** गुजर जाते हैं वो दिन, जिसे मैं याद करता हूँl लौट नहीं आते वो दिन, जिसे मैं याद करता हूँ। वक्त का ये सफ़र निकल रहा है, ज़िंदगी के साथ-साथ ये चल रहा है। अवसर,आशा बन रही है, कुछ ख़्वाब,कुछ यादें सज रही है। जो बीत रहा है,वो बीत रहा है, … Read more